Yogi आदित्यनाथ ने उत्कृष्ट किसानों को सम्मानित किया, ‘आम महोत्सव-2026’ की स्मारिका जारी की; यूपी के आम को वैश्विक पहचान दिलाने पर दिया जोर
लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi आदित्यनाथ ने शुक्रवार को राजधानी लखनऊ स्थित इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित 9वें उत्तर प्रदेश आम महोत्सव-2026 का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने राज्य के विभिन्न जिलों से आए उत्कृष्ट किसानों और प्रगतिशील बागवानों को सम्मानित किया तथा ‘आम महोत्सव-2026’ की आधिकारिक स्मारिका का विमोचन भी किया। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने उत्तर प्रदेश के आमों से भरे एक विशेष वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया और राज्य के आम उद्योग को वैश्विक स्तर पर नई पहचान दिलाने का आह्वान किया।
Yogi मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि उत्तर प्रदेश केवल देश का सबसे बड़ा आम उत्पादक राज्य ही नहीं है, बल्कि यहां की जलवायु, मिट्टी और किसानों की मेहनत ने प्रदेश को बागवानी के क्षेत्र में विशेष पहचान दिलाई है। उन्होंने कहा कि मालिहाबाद का दशहरी आम हो या प्रदेश के अन्य क्षेत्रों की विशिष्ट किस्में, इनकी गुणवत्ता अंतरराष्ट्रीय बाजार में प्रतिस्पर्धा करने की क्षमता रखती है। आवश्यकता केवल बेहतर ब्रांडिंग, आधुनिक पैकेजिंग और निर्यात व्यवस्था को मजबूत करने की है।
Yogi आदित्यनाथ ने कहा कि किसानों की आय बढ़ाने के लिए केवल उत्पादन बढ़ाना पर्याप्त नहीं है, बल्कि मूल्य संवर्धन (Value Addition), खाद्य प्रसंस्करण, कोल्ड चेन, पैक हाउस और निर्यात सुविधाओं का विस्तार भी आवश्यक है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रदेश के प्रत्येक जिले में कृषि उत्पादों के लिए आधुनिक बुनियादी ढांचे का विकास किया जाए ताकि किसानों को उनकी उपज का बेहतर मूल्य मिल सके।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने राज्य के विभिन्न जिलों के उत्कृष्ट किसानों एवं बागवानों को सम्मानित किया। सम्मान पाने वालों में सहारनपुर के बसंत कुमार, सीतापुर की आशा सिंह, लखीमपुर खीरी के अचल कुमार मिश्रा, उन्नाव के शैलेंद्र कुमार, कासगंज के गोपाल महेश्वरी, गोरखपुर के नरवदेश्वर सिंह, मेरठ के अमरपाल सिंह, हापुड़ के हर्षवर्धन त्यागी और सूर्यमणि यादव, अमरोहा के मोहम्मद रेयान सिद्दीकी, मलिहाबाद की अवध नर्सरी, लखनऊ के एस.सी. शुक्ला तथा उपेंद्र कुमार सिंह शामिल रहे। इन किसानों को आधुनिक खेती, बागवानी और उत्कृष्ट उत्पादन के लिए सम्मानित किया गया।
मुख्यमंत्री Yogi ने कहा कि ऐसे किसानों का सम्मान केवल व्यक्तिगत उपलब्धि का सम्मान नहीं है, बल्कि यह प्रदेश के लाखों किसानों के लिए प्रेरणा का स्रोत है। उन्होंने कहा कि कृषि और बागवानी में नई तकनीकों को अपनाने वाले किसान प्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई दिशा दे रहे हैं। सरकार भी वैज्ञानिक खेती, सिंचाई, गुणवत्ता सुधार और बाजार उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रयास कर रही है।
इस अवसर पर Yogi ने ‘आम महोत्सव-2026’ की स्मारिका का विमोचन किया। स्मारिका में उत्तर प्रदेश की प्रमुख आम किस्मों, बागवानी तकनीकों, वैज्ञानिक अनुसंधान, उत्पादन क्षमता तथा निर्यात की संभावनाओं से जुड़ी जानकारी को शामिल किया गया है। इसका उद्देश्य किसानों, शोधकर्ताओं, उद्यमियों और आम प्रेमियों को उपयोगी जानकारी उपलब्ध कराना है, जिससे आम उत्पादन और विपणन को नई दिशा मिल सके।
Yogi ने कहा कि प्रदेश सरकार ‘वन डिस्ट्रिक्ट, वन प्रोडक्ट (ODOP)’ योजना के माध्यम से स्थानीय उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंचाने का कार्य कर रही है। आम को भी इस अभियान का महत्वपूर्ण हिस्सा बताते हुए उन्होंने कहा कि यदि वैज्ञानिक खेती, आधुनिक विपणन और प्रभावी ब्रांडिंग पर समान रूप से ध्यान दिया जाए तो उत्तर प्रदेश का आम वैश्विक बाजार में अपनी अलग पहचान बना सकता है।
कार्यक्रम में विभिन्न जिलों से लाई गई 800 से अधिक किस्मों के आमों की प्रदर्शनी भी आकर्षण का केंद्र रही। मुख्यमंत्री ने प्रदर्शनी का अवलोकन किया और किसानों से बातचीत कर उनकी खेती की तकनीकों तथा चुनौतियों की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन किसानों और उपभोक्ताओं के बीच सीधा संवाद स्थापित करने के साथ-साथ नई तकनीकों और बाजार की मांग को समझने का अवसर भी प्रदान करते हैं।
Yogi आदित्यनाथ ने कृषि वैज्ञानिकों और बागवानी विशेषज्ञों से आह्वान किया कि वे किसानों को नई किस्मों, जैविक खेती, जल संरक्षण और जलवायु परिवर्तन के अनुरूप खेती की तकनीकों के बारे में प्रशिक्षित करें। उन्होंने कहा कि बदलते मौसम के बीच वैज्ञानिक खेती ही भविष्य की सबसे बड़ी आवश्यकता है और सरकार इस दिशा में हर संभव सहयोग देगी।
उन्होंने यह भी कहा कि उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था को एक ट्रिलियन डॉलर की दिशा में आगे बढ़ाने में कृषि और बागवानी क्षेत्र की महत्वपूर्ण भूमिका होगी। आम उत्पादन, खाद्य प्रसंस्करण, निर्यात और कृषि आधारित उद्योगों के विस्तार से ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और किसानों की आय में भी वृद्धि होगी।
तीन दिवसीय आम महोत्सव-2026 का उद्देश्य प्रदेश के आम उत्पादकों को बेहतर बाजार उपलब्ध कराना, नई तकनीकों का प्रसार करना, निर्यात को बढ़ावा देना और उत्तर प्रदेश के आम को वैश्विक ब्रांड के रूप में स्थापित करना है। मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि सरकार, किसानों और कृषि विशेषज्ञों के संयुक्त प्रयासों से उत्तर प्रदेश का आम विश्व बाजार में और अधिक मजबूत पहचान बनाएगा तथा राज्य के किसानों की आर्थिक स्थिति को नई मजबूती मिलेगी।

