जौनपुर, 01 जुलाई उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले में शुक्रवार को 11 लाख पौधों के रोपण से इस साल
के वन महोत्सव की शुरुआत हो गयी।
जिला वन अधिकारी (डीएफओ) और सामाजिक वानिकी के प्रभागीय निदेशक प्रवीण खरे ने इस अवसर पर कहा कि
पर्यावरण संतुलन बनाए रखने के लिए एक से सात जुलाई तक वन महोत्सव चलाया जा रहा है।
इस बार 53 लाख
पौधों के रोपण का लक्ष्य रखा गया है।
इसमें 15 लाख 89 हजार पौधों को लगाने की जिम्मेदारी वन विभाग की
होगी, शेष पौधे अन्य विभागों को लगाना है।
उन्होंने कहा कि सात जुलाई तक 11 लाख पौधों का रोपण किया जाएगा। इसके लिए वन विभाग की ओर से 15
लाख 89 हजार गड्ढे खुदवाये गये हैं। डीएफओ प्रवीण खरे ने यूनीवार्ता को बताया कि जिलाधिकारी मनीष कुमार
वर्मा ने अपने आवास पर महोगनी का वृक्ष लगाकर वन महोत्सव का शुभारंभ किया है। उन्होंने कहा कि विभाग के
पास 22 लाख पौधे पिछले वर्ष के हैं जबकि 43 नर्सरियों में 56 लाख नए पौधों को तैयार किया गया है।
खरे ने बताया कि 15 अगस्त को भी अमृत महोत्सव के तहत बड़ी संख्या में पौधों को लगाने की तैयारी की गई
है। मौजूदा सरकार पर्यावरण संरक्षण के प्रति काफी संजीदा है।
यही वजह है कि हर वर्ष पौधारोपण के लिए लक्ष्य
निर्धारित किया जा रहा है।
इसमें वन विभागों के साथ ही अन्य विभागों की जिम्मेदारी भी तय की जा रही है,
जिससे धरा के संतुलन को बेहतर किया जा सके।
उन्होंने कहा कि वृहद पौधारोपण के सार्थक परिणाम सामने आ रहे हैं। यही वजह है कि जिले में पांच वर्षों में वृक्ष
आच्छादित क्षेत्रों में 17 फीसद इजाफा हुआ है।
जो स्वस्थ पर्यावरण के लिए बेहतर है। फिलहाल छह सौ हेक्टेयर से
अधिक वृक्ष आच्छादित क्षेत्र हैं। पौधारोपण अभियान को गति देने के लिए इसका पूरा माइक्रो प्लान तैयार किया
गया है। जिसमें सभी रेंज अधिकारियों की ड्यूटी अभी से तय कर दी गई है। इस बार 53 लाख पौधों के रोपण का
लक्ष्य है। वन महोत्सव सप्ताह के तहत 11 लाख पौधों का रोपण किया जाएगा।
इसकी तैयारी पूरी कर ली गई है।
इसमें नगर से लेकर ब्लॉक तक पौधों को लगाया जाएगा।

