इंडिया सावधान न्यूज़
लखनऊ.एनडीए की राष्ट्रपति उम्मीदवार द्रौपदी मुर्मू के समर्थन के बदले में मिला तोहफे के रूप में मिली वाई श्रेणी की सुरक्षा, जानकारी के अनुसार एनडीए की राष्ट्रपति उम्मीदवार द्रौपदी मुर्मू के चुनाव का एलान होते ही सभी राजनीतिक
दलों ने अपना अपना समर्थन देने का एलान किया था वहीं सपा के साथ साझेदार रहे राजभर ने भी सपा को छोड़कर अपने समर्थन का ऐलान कर दिया वहीं लखनऊ में सीएम योगी ने एक रात्री भोज आयोजित किया था उसी भोज में ओपी
राजभर को निमंत्रण दिया गया था और वोह उक्त भोज में पहुंचे थे और उन्होंने अपने समर्थन का ऐलान एनडीए प्रत्याशी के लिए किया था वहीं ओमप्रकाश राजभर अक्सर राजनीतिक सुर्खियों में बने रहते हैं आजमगढ़ व रामपुर लोकसभा उप
चुनाव में सपा को मिली करारी हार के बाद से ही वह न सिर्फ समाजवादी पार्टी के खिलाफ होते हुए देखे जा सकते हैं और सपा मुखिया अखिलेश यादव को आए दिन कोई न कोई नसीहत देते हुए भी नजर आते रहते हैं
सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर को योगी सरकार ने वाई श्रेणी की सुरक्षा दे डाली वहीं इस सुरक्षा को जानकर बताते हैं
कि राष्ट्रपति चुनाव में बीजेपी उम्मीदवार द्रौपदी मुर्मू को वोट दिए जाने का तोहफा के तौर पर देखा जा सकता है.
राजभर इन दिनों समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव पर लगातार तंज कसने के मामले में सुर्खियों में बने हुए हैं. बताया जा रहा है
कि जल्द ओमप्रकाश राजभर की सुरक्षा में जवान तैनात होंगे वाई श्रेणी की सुरक्षा मिलने के बाद यूपी के राजनीतिक गलियारों में एक बार फिर तरह-तरह की अटकलें तेज हो गई हैं
योगी सरकार ने सुभासपा अध्यक्ष व जहूराबाद विधायक ओमप्रकाश राजभर को शासन ने वाई श्रेणी की सुरक्षा प्रदान कर दी है.
बीते कुछ दिनों से ओम प्रकाश राजभर लगातार अपने बयानों को लेकर काफी चर्चा में बने हुए हैं. हालांकि अब एक बार फिर से वो चर्चा में हैं लेकिन इसकी वजह दूसरी है.
दरअसल, गुरूवार को सुभासपा प्रमुख को यूपी सरकार द्वारा वाई श्रेणी की सिक्योरिटी दी गई है. ऐसे में सरकार के इस फैसले को लोग आने वाले समय में राजनीतिक रूप से देख रहे हैं.
माना जा रहा है कि ओम प्रकाश राजभर का समाजवादी पार्टी से गठबंधन का मामला लगभग बिगड़ सा ही गया है.यह कहना गलत साबित नहीं होगा
कि राजभर बीजेपी गठबंधन की ओर अपना रूख कर सकते हैं , हालांकि अभी तक उन्होंने इस संबंध में अपना कोई ब्यान नहीं दिया है. वे लगातार बीजेपी गठबंधन के साथ जाने की खबरों का खंडन करते चले आ रहे हैं.
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार शासन ने राजभर को जो सुरक्षा मुहैया कराई है उसका आदेश 15 जुलाई को ही हो गया था और इसकी जानकारी अब हो पाई है एनडीए की राष्ट्रपति उम्मीदवार द्रौपदी मुर्मू के समर्थन के लिए लखनऊ में
उसी समय सीएम योगी ने रात्री भोज आयोजित किया था. इस भोज में ओपी राजभर भी पहुंचे थे और अपने समर्थन का ऐलान एनडीए प्रत्याशी के लिए किया था. ओमप्रकाश राजभर अक्सर राजनीतिक सुर्खियों में बने रहते हैं. आजमगढ़ व
रामपुर लोकसभा उपचुनाव में सपा को मिली करारी हार के बाद से ही वह न सिर्फ सपा के खिलाफ मुखर हैं, बल्कि अखिलेश यादव को आए दिन नसीहत देते रहते हैं, अब शायद ओपी राजभर का अगला ठिकाना भारतीय जनता पार्टी हो
सकता है क्यूं कि समाजवादी पार्टी का ओपी राजभर के साथ अच्छा अनुभव साबित नहीं हो पा रहा वहीं आज़म खां भी ओपी राजभर की राह चलने के लिए मजबूर होते नज़र आ रहे उन्होंने भी अपनी दबी जुबान में एसपी मुखिया अखिलेश
यादव से रिश्तों की कड़बड़हाहट को अब सामने लाने लगे हैं अभी हाल ही में अपने एक टीवी चैनल को दिए साक्षात्कार में आज़म खां ने कहा था कि हमने कभी अखिलेश यादव को धूप में खड़े हुए नहीं देखा, इस बात का मतलब साफ दिखाई
देता है कि आज़म खां के साथ अब तक जो कुछ हुआ वो कहीं ठीक नहीं था और उनका बुरे समय में साथ अखिलेश यादव ने भी नहीं दिया अब समय ही बताएगा कि किसका ऊंट किस करवट बैठेगा ।

