नई दिल्ली, 03 अक्टूबर। उत्तर पूर्वी दिल्ली हिंसा में हेड कॉन्स्टेबल रतन लाल की हत्या
के आरोपित वसीम उर्फ बबलू उर्फ सलमान को दिल्ली पुलिस के अपराध शाखा ने हिंसा के दो साल
बाद गिरफ्तार कर लिया है। अपराध शाखा के स्पेशल सीपी रविंद्र यादव ने बताया कि डीसीपी
अपराध शाखा की टीम ने आरोपित को अलीगढ़ से रविवार को गिरफ्तार किया है। रतन लाल की
हत्या के मामले में कोर्ट ने वसीम को भगोड़ा घोषित कर दिया था।
उल्लेखनीय है कि 24 फरवरी 2020 की सुबह चांद बाग में मुख्य रोड पर 100 से अधिक महिलाएं
सीएए के विरोध में सड़क जाम कर धरने पर बैठ गई थीं। उन्हें हटाने के लिए डीसीपी दोपहर करीब
एक बजे वहां पहुंचे थे, तभी सैकड़ों उपद्रवियों ने डीसीपी और उनके साथ आए पुलिसकर्मियों पर
जानलेवा हमला कर पथराव कर दिया था। इस हमले में डीसीपी अमित शर्मा और एसीपी अनुज
कुमार गंभीर रूप से घायल हो गए थे। पुलिसकर्मियों ने जान पर खेलकर उन्हें वहां से निकाला था।
इसी हिंसा में खजूरी खास एसीपी कार्यालय में बतौर रीडर के पद पर तैनात हेड कांस्टेबल रतन लाल
को उपद्रवियों ने गोली मार दी। उन्हें पत्थरों से भी हमला हुआ था। उन्हें गंभीर हालत में जीटीबी
अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। हेड कॉन्स्टेबल रतन लाल की हत्या
के मामले में दयालपुर थाने में एफआईआर दर्ज की गई थी। रतन लाल की हत्या में शामिल कई
आरोपितों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने इस मामले में आरोप पत्र दाखिल कर दिया है,
आरोप पत्र में 17 लोगों को आरोपित बनाया गया है।

