इंडिया सावधान न्यूज़
लालकुआं। यहां भारी हंगामे के बीच बृहस्पतिवार को एआरएचसी योजना के तहत बेघर 100 लोगों को आवास आवंटित किए गए। इनमें दस दिव्यांगों समेत 37 लोगों को वरीयता दी गई है। शेष लोगों का आवंटन का फैसला लॉटरी सिस्टम के
जरिये किया गया। इस बीच हंगामा कर रहे लोगों को क्षेत्रीय विधायक ने किसी तरह से समझा बुझाकर शांत कराया।
अफॉर्डेबल रेंटल हाउसिंग कांप्लेक्स (एआरएचसी) योजना के तहत 127 लोगों ने आवेदन किए थे। वर्ष 2010 में आवेदन
जमा करने वाले 27 लोग और शहरी क्षेत्र अंतर्गत आने वाले दस दिव्यांगजनों को वरीयता सूची में रखा गया, शेष 63 आवासों के लिए लॉटरी सिस्टम से लाभार्थियों का चयन किया गया। विधायक डॉ0 मोहन बिष्ट ने उन्हें चाबी सौंपी।
बता दें कि वर्ष 2010 में एकीकृत मलिन बस्ती आवास योजना की शुरुआत की गई थी जिसके तहत शहरी क्षेत्र अंतर्गत ऐसे गरीब लोगों को निशुल्क आवास मुहैया कराना था जो खुले में जीवन यापन कर रहे है। बाद में यह योजना बदलकर
एआरएचसी में तब्दील हो गई। इसके तहत लाभार्थियों को न्यूनतम शुल्क अदा किया जाना है। बोर्ड की ओर से पारित प्रस्ताव के तहत 500 रुपये प्रतिमाह के अलावा बिजली और पानी का बिल भी लाभार्थी को देना होगा।
इस दौरान विधायक डॉ0 मोहन सिंह बिष्ट, पूर्व मंत्री हरीशचंद्र दुर्गापाल, पूर्व विधायक नवीन दुम्का, नगर पंचायत अध्यक्ष लालचंद्र सिंह, अधिशासी अधिकारी पूजा,
कांग्रेसी नेता रामबाबू मिश्रा, रवि शंकर तिवारी, सभासद योगेश उपाध्याय, दीपक बत्रा, व्यापार मंडल उपाध्यक्ष मीना रावत, दिनेश लोहनी समेत तमाम लोग मौजूद थे।
इस दौरान मकान वितरण प्रक्रिया का भाजपाइयों ने जमकर विरोध किया। भाजपा कार्यकर्ताओं ने नगर पंचायत की ओर से निकाली गई लॉटरी व्यवस्था का विरोध किया। इसके चलते कार्यक्रम में घंटों व्यवधान हुआ और हंगामा होता रहा। इस
दौरान भाजपा के मंडल अध्यक्ष नारायण सिंह बिष्ट, महामंत्री राजकुमार सेतिया, भाजयुमो के मंडल अध्यक्ष बॉबी संभल,
विनोद श्रीवास्तव आदि कार्यकर्ताओं ने लॉटरी प्रक्रिया का विरोध किया। देर शाम तक भारी विरोध के बाद विधायक डॉ0 मोहन सिंह बिष्ट ने कहा कि लॉटरी प्रणाली पूरी तरह निष्पक्ष है जिसके बाद भाजपा कार्यकर्ता शांत हो गए।

