LokSabha

LokSabha ने FY26 के लिए ₹2.01 लाख करोड़ के अनुपूरक व्यय को मंजूरी दी

हाल ही में Lok Sabha ने वित्त वर्ष 2025–26 (FY26) के लिए ₹2.01 लाख करोड़ के अनुपूरक व्यय (Supplementary Demands for Grants) को मंजूरी दे दी। यह फैसला संसद सत्र के स्थगन से ठीक पहले लिया गया।

अनुपूरक व्यय का मतलब है कि सरकार मुख्य बजट के बाद वर्ष के दौरान आने वाली अतिरिक्त जरूरतों को पूरा करने के लिए और पैसा मांगती है। यह तब होता है जब अचानक खर्च बढ़ जाए या पहले तय बजट से ज्यादा धन की जरूरत पड़े।

यह अतिरिक्त राशि सरकार की कई अहम योजनाओं और क्षेत्रों में खर्च की जाएगी ताकि मार्च 2026 तक चल रहे कार्यक्रमों को सुचारु रूप से जारी रखा जा सके।

अनुपूरक अनुदान (SDG) की संरचना

कुल राशि और उसका महत्व

इस बार स्वीकृत ₹2.01 लाख करोड़ का अनुपूरक खर्च काफी बड़ा माना जा रहा है।

तुलना के लिए:

  • FY26 का कुल केंद्रीय बजट लगभग ₹48 लाख करोड़ है

  • यह अतिरिक्त राशि लगभग 4% से अधिक के बराबर है

पिछले वर्ष FY25 में अनुपूरक खर्च करीब ₹1.2 लाख करोड़ था। इस साल ज्यादा राशि की जरूरत कई कारणों से पड़ी, जैसे:

  • वैश्विक आर्थिक दबाव

  • ऊर्जा कीमतों में उतार-चढ़ाव

  • प्राकृतिक आपदाओं के बाद राहत और पुनर्निर्माण

Parliament Budget Session 2026 LIVE: Lok Sabha Approves Second Batch Of  Supplementary Demands For Grants, Both Houses Adjourned

किन क्षेत्रों को मिलेगा ज्यादा पैसा

सरकार ने इस अतिरिक्त राशि को कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों में बांटने की योजना बनाई है।

रक्षा क्षेत्र

सबसे ज्यादा राशि रक्षा क्षेत्र को दी जाएगी।

  • लगभग ₹85,000 करोड़

  • सैन्य उपकरण, सीमाई सुरक्षा और आधुनिकीकरण पर खर्च

 बुनियादी ढांचा (Infrastructure)

दूसरे नंबर पर बुनियादी ढांचा है।

  • लगभग ₹65,000 करोड़

  • सड़क, रेल और परिवहन परियोजनाओं के लिए

 सामाजिक कल्याण

  • लगभग ₹30,000 करोड़

  • खाद्य सुरक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक योजनाओं के लिए

 ग्रामीण विकास

  • लगभग ₹21,000 करोड़

  • ग्रामीण रोजगार और गांवों में विकास परियोजनाओं के लिए

यह आवंटन दिखाता है कि सरकार की प्राथमिकताएं सुरक्षा, विकास और सामाजिक कल्याण हैं।

Parliament Budget Session 2026: लोकसभा में विपक्ष के हंगामे के आसार, जानिए  संसद में आज क्या-क्या होगा? | Parliament Budget Session 2026 Lok Sabha  Continue Debate agenda Amid Ruckus updates in hindi -

संसद में बहस और राजनीतिक प्रतिक्रिया

इस प्रस्ताव को संसद में पेश किया गया और दो दिन तक चर्चा चली।

अंत में इसे वॉइस वोट के जरिए पारित कर दिया गया।

विपक्ष की प्रतिक्रिया

विपक्षी दलों ने सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि:

  • मूल बजट में सही अनुमान नहीं लगाया गया

  • बार-बार अनुपूरक बजट मांगना वित्तीय योजना की कमजोरी दिखाता है

  • इससे सरकारी कर्ज बढ़ सकता है

सरकार का पक्ष

सरकार की ओर से Nirmala Sitharaman ने कहा कि:

  • यह खर्च आपात जरूरतों को पूरा करने के लिए जरूरी है

  • प्राकृतिक आपदाओं, रक्षा जरूरतों और विकास परियोजनाओं के कारण अतिरिक्त धन की आवश्यकता पड़ी

  • इससे रोजगार और आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा

अर्थव्यवस्था पर संभावित असर

राजकोषीय घाटा (Fiscal Deficit)

इस अतिरिक्त खर्च से भारत का राजकोषीय घाटा थोड़ा बढ़ सकता है।

  • पहले लक्ष्य लगभग 4.5% GDP था

  • अब यह करीब 4.8% तक जा सकता है

सरकार को इसके लिए अतिरिक्त उधारी लेनी पड़ सकती है।

Parliament Budget Session 2026: लोकसभा में विपक्ष के हंगामे के आसार, जानिए  संसद में आज क्या-क्या होगा? | Parliament Budget Session 2026 Lok Sabha  Continue Debate agenda Amid Ruckus updates in hindi -

आर्थिक विकास पर असर

हालांकि खर्च बढ़ने से कुछ मुद्रास्फीति (Inflation) का दबाव आ सकता है, लेकिन इसका सकारात्मक असर भी हो सकता है:

  • इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट से रोजगार बढ़ेंगे

  • ग्रामीण क्षेत्रों में आय बढ़ेगी

  • आर्थिक गतिविधियों में तेजी आएगी

अर्थशास्त्रियों के अनुसार इससे अल्पकाल में GDP वृद्धि में लगभग 0.5% तक योगदान मिल सकता है।

संसद सत्र का स्थगन

इस प्रस्ताव के पारित होने के बाद Lok Sabha का सत्र स्थगित कर दिया गया।

इसके साथ ही संसद ने:

  • कुछ कृषि संबंधी संशोधनों को भी मंजूरी दी

  • बाकी लंबित कार्यों को अगले सत्र के लिए छोड़ दिया

Parliament Budget Session 2026: लोकसभा में विपक्ष के हंगामे के आसार, जानिए  संसद में आज क्या-क्या होगा? | Parliament Budget Session 2026 Lok Sabha  Continue Debate agenda Amid Ruckus updates in hindi -

आगे क्या होगा

इन अतिरिक्त खर्चों की निगरानी और जांच की जाएगी।

मुख्य संस्थाएं:

  • Comptroller and Auditor General of India (CAG) – सरकारी खर्च का ऑडिट

  • संसद की स्थायी समितियां – योजनाओं की समीक्षा

आने वाले समय में यह देखा जाएगा कि यह पैसा वास्तव में योजनाओं और परियोजनाओं में कितना प्रभावी ढंग से इस्तेमाल हुआ।

FY26 के लिए ₹2.01 लाख करोड़ के अनुपूरक खर्च की मंजूरी यह दिखाती है कि सरकार अचानक आने वाली आर्थिक जरूरतों को पूरा करने के लिए बजट में बदलाव करती है।

मुख्य बिंदु:

  • रक्षा और बुनियादी ढांचे को सबसे ज्यादा अतिरिक्त धन

  • राजकोषीय घाटा थोड़ा बढ़ सकता है

  • लेकिन इससे विकास और रोजगार को बढ़ावा मिलने की उम्मीद

यह फैसला भारत की आर्थिक नीति और सरकारी प्राथमिकताओं को भी दर्शाता है।

LokSabha सांसद राहुल गांधी ने इमरान प्रतापगढ़ी के दिल्ली स्थित आवास पर कांग्रेस नेताओं के साथ इफ्तार में भाग लिया।

Follow us on Facebook

India Savdhan News | Noida | Facebook

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.