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शरीर में ये बदलाव हैं कैंसर के संकेत,भारी पड़ेगी अनदेखी

कैंसर, किसी सेल्स के असामान्य तरीके से बढ़ने की बीमारी है। आमतौर पर, हमारे शरीर की सेल्स नियंत्रित तरीके से बढ़ती हैं और अलग होती हैं। जब सामान्य सेल्स को नुकसान पहुंचता है, तो वे मर जाती हैं और उनकी जगह स्वस्थ कोशिकाएं ले लेती हैं। कैंसर की सेल्स बढ़ती रहती हैं और जब उन्हें रुकना चाहिए तो कई गुना बढ़ जाती हैं। कैंसर शब्द का इस्तेमाल आमतौर पर उस सेल के लिए किया जाता है जहां यह शुरू होता है। बच्चों में अलग-अलग तरह के लगभग 100 से ज़्यादा के कैंसर होते हैं।

कैंसर के लक्षण

  • वजन कम होना
  • शरीर में सूजन
  • लगातार कफ बनना
  • खाना निगलने में दिक्कत होना
  • रात में पसीना आना
  • तिल में बदलाव होना
  • पेशाब में खून आना
  • दर्द महसूस होना

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ज्यादातर कैंसर में ट्यूमर होता है और इन्हें पांच चरणों में डीवाइड किया जा सकता है।

0 स्टेज यह दिखाता है कि आपको कैंसर नहीं है।

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पहला चरण- इस स्टेज में ट्यूमर छोटा होता है और कैंसर सेल्स केवल एक क्षेत्र में फैलती हैं।

पहले और दूसरे स्टेज- पहले और दूसरे स्टेज में ट्यूमर का आकार बड़ा हो जाता है और कैंसर कोशिकाएं पास स्थित अंगों और लिम्फ नोड्स में भी फैलने लगती हैं।

चौथा चरण- कैंसर का आखिरी और बेहद खतरनाक स्टेज, जिसे मेटास्टेटिक कैंसर (metastatic cancer) भी कहते हैं। इस स्टेज में कैंसर शरीर के दूसरे अंगों में फैलना शुरू कर देता है।

कैंसर का इलाज

डॉक्टर कैंसर के प्रकार और अवस्था के आधार पर इलाज का विकल्प तय कर सकता है। आमतौर पर, कैंसर के उपचार में मुख्य रूप से सर्जरी, कीमोथेरेपी, रेडिएशन, हार्मोन थेरेपी, इम्यूनोथेरेपी और स्टेम सेल ट्रांसप्लांट्स शामिल हैं।

सर्जरी

डॉक्टर सर्जरी के जरिए कैंसर के ट्यूमर या किसी अन्य कैंसर प्रभावित क्षेत्र को हटाने की कोशिश करते हैं। कभी-कभी डॉक्टर बीमारी की गंभीरता का पता लगाने के लिए भी सर्जरी करते हैं।

कीमोथेरेपी

कीमोथेरेपी को कई चरणों में किया जाता है। इस प्रॉसेस में ड्रग्स के जरिए कैंसर की सेल्स को खत्म की जाती है। हालांकि, उपचार का यह तरीका किसी-किसी के लिए काफी दुखदाई होता है।

रेडिएशन थेरेपी
रेडिएशन कैंसर सेल्स पर सीधा असर करता है और उन्हें दोबारा बढ़ने से रोकता है। कुछ लोगों को इलाज में सिर्फ रेडिएशन थेरेपी तो किसी-किसी को रेडिएशन थेरेपी के साथ सर्जरी और कीमोथेरेपी भी दी जाती है।

इम्‍यूनोथेरेपी

इम्‍यूनोथेरेपी कैंसर की सेल्स से लड़ने में सक्षम बनाती है।

हार्मोन थेरेपी

इस थेरेपी का उपयोग उन कैंसर के इलाज के लिए किया जाता है, जो हार्मोन से प्रभावित होते हैं। हार्मोन थेरेपी से स्तन और प्रोस्टेट कैंसर में काफी हद तक सुधार होता है।

Disclaimer: इस लेख में बताई गई जानकारी और सुझाव को पाठक अमल करने से पहले डॉक्टर या संबंधित एक्सपर्ट से सलाह जरूर लें। News24 की ओर से किसी जानकारी और सूचना को लेकर कोई दावा नहीं किया जा रहा है।