लखनऊ, 30 जुलाई । उत्तर प्रदेश में सरकार की तबादला नीति के खिलाफ गलत ढंग से स्वास्थ्य विभाग
में हुए 48 चिकित्सकों के तबादलों को निरस्त कर दिया गया है।
तबादला सूची में लेवल वन के 313 चिकित्सा
अधिकारियों में 48 चिकित्साधिकारियों का नाम गलत ढंग से सूची में डाला गया था।
स्वास्थ्य विभाग में तबादला नीति के खिलाफ हुए स्थानान्तरण को लेकर चिकित्सकों ने विरोध जताया था।
स्थानान्तरण पर उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने भी सवाल उठाया था।
इसके बाद मुख्यमंत्री ने जांच बैठाई थी। जांच
में यह बात निकलकर आयी कि गलत ढ़ंग से चिकित्सकों के तबादले हुए हैं।
प्रदेश में चिकित्सकों के हुए तबादले में ऐसे चिकित्सकों के नाम गलत ढंग से सूची में अंकित किए गए थे जो
लेवल 2 तथा लेवल 3 के आयुष दंत व अन्य संवर्ग के थे। इसके कारण ही इन सभी 48 चिकित्सकों का
स्थानांतरण रद कर दिया गया है। लेवल टू, लेवल थ्री और आयुष डाक्टरों के तबादले चिकित्सा एवं स्वास्थ्य
महानिदेशालय स्तर से कर दिए गए थे।
जबकि लेवल टू, लेवल थ्री के डाक्टरों का स्थानांतरण सिर्फ शासन स्तर से
ही किया जा सकता है। इस मामले में अपर निदेशक (कार्मिक) के पद से सेवानिवृत्त हुए डा. अनुराग भार्गव के
खिलाफ जांच के आदेश भी दिए जा चुके हैं।

