चेन्नई, 22 मई (केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव ने रविवार को कहा कि जैव विविधता ऐसी वस्तुएं और सेवाएं
प्रदान करती है, जिनके जरिये एक प्राकृतिक वातावरण तैयार होता है और यह एक अच्छी वैश्विक अर्थव्यवस्था के
लिए आवश्यक है। पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री ने यहां एक कार्यक्रम में कहा कि विश्व की
अर्थव्यवस्था का लगभग 40 प्रतिशत जैविक उत्पादों पर आधारित है और जैव विविधता के संरक्षण का कोई भी
प्रयास ‘ग्लोबल वार्मिंग’ के कारण उत्पन्न चुनौतियों से निपटने में सफलता दिलाएगा। अंतरराष्ट्रीय जैव विविधता
दिवस के अवसर पर एक प्रदर्शनी का उद्घाटन करने के बाद उन्होंने कहा,
‘ग्लोबल वार्मिंग को तत्काल नियंत्रित
करना होगा।”
उन्होंने कहा कि देश राष्ट्रीय स्तर पर अपने जैव विविधता लक्ष्यों को प्राप्त करने की राह पर है और
वैश्विक स्तर पर जैव विविधता लक्ष्यों को प्राप्त करने में भी महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है।

