नई दिल्ली, 25 मई ( प्रदूषण से निपटने के लिए दिल्ली-एनसीआर में मानसून के दौरान पौधरोपण पर
जोर दिया जाएगा। इस बार लगभग सवा तीन करोड़ पौधे लगाए जाएंगे। वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग के मुताबिक,
इस बार एनसीआर के शहरों में 17 फीसदी अधिक पौधरोपण का लक्ष्य रखा गया है। जबकि, दिल्ली में पहले ही
21 फीसदी अधिक पौधरोपण का लक्ष्य है।
दिल्ली-एनसीआर बेहद सघन आबादी वाला क्षेत्र है। यहीं बड़ी तादाद में वाहनों की संख्या है। साथ ही सर्वाधिक
निर्माण कार्य भी हो रहे हैं। पूरे क्षेत्र में जाड़े के समय में प्रदूषण की स्थिति खराब हो जाती है। इस दौरान स्कूल
और शिक्षण संस्थाएं बंद करने और निर्माण कार्यों पर पाबंदी लगाने जैसे निर्णय लेने पड़ते हैं। प्रदूषण को कम
करने के लिए दिल्ली-एनसीआर में अन्य कदम तो उठाए ही जा रहे हैं।
साथ ही पूरे इलाके में सघन पौधरोपण पर
भी जोर दिया जा रहा है।
वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग के मुताबिक, इस बार एनसीआर के शहरों में पिछले साल
की तुलना में 17 फीसदी अधिक पौधरोपण करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग के मुताबिक एनसीआर के शहरों में इस बार दो करोड़ 90 लाख 87 हजार 55 पौधे
लगाए जाएंगे।
पिछले साल एनसीआर शहरों में दो करोड़ 47 लाख 89 हजार 611 पौधे लगाए गए थे। इस तरह
यह पिछले साल की तुलना में 17 फीसदी ज्यादा है।

